शक्करगढ़
शनिवार को अजमेर में पीएम के दौरे को लेकर शक्करगढ़ थाना क्षेत्र में ‘A’ श्रेणी की विशेष नाकाबंदी की गई इस दौरान राजस्थान पुलिस का हाईटेक RajCop App (राजकॉप एप) संदिग्ध व्यक्तियों की पहचान में कारगर साबित हो रहा है। पुलिस द्वारा गश्त और नाकाबंदी के समय एप के माध्यम से वाहनों व चालकों की सघन जांच की जा रही है।

पुलिस के अनुसार राजकॉप एप के फोटो मिलान फीचर से संदिग्ध व्यक्ति की तत्काल पहचान हो जाती है। एप के जरिए संबंधित व्यक्ति के खिलाफ दर्ज प्रकरण, जेल रिकॉर्ड, सजा का विवरण व अन्य राज्यों में दर्ज मामलों की जानकारी भी तुरंत सामने आ जाती है।
फोटो मिलान से सामने आ जाता है पूरा आपराधिक रिकॉर्ड
एप में फेशियल रिकग्निशन तकनीक का उपयोग किया गया है, जिससे हुलिया बदलने पर भी अपराधियों की पहचान संभव है। यह सिस्टम CCTNS (क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क एंड सिस्टम्स) से जुड़ा हुआ है, जिससे देशभर के पुलिस रिकॉर्ड तक त्वरित पहुंच मिलती है।
गुमशुदा व लावारिस व्यक्तियों की पहचान में भी सहायक
राजकॉप एप के माध्यम से गुमशुदा व्यक्तियों व लावारिस शवों की फोटो का मिलान कर उनकी शिनाख्त करने में भी मदद मिल रही है, जिससे परिवारों तक सूचना पहुंचाना आसान हो रहा है।


शक्करगढ़ पुलिस द्वारा नाकाबंदी, गश्त एवं अन्य पुलिस गतिविधियों में राजकॉप एप का नियमित और प्रभावी उपयोग किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि तकनीक के इस उपयोग से अपराध नियंत्रण और संदिग्धों की पहचान में काफी मजबूती मिली है।

