करेड़ा में एसीबी का बड़ा एक्शन, पटवारी लोकेश जोशी रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार
10 हजार मांगे, 8 हजार में सौदा तय, फौतगी नामांतरण के बदले पटवारी की रिश्वतखोरी उजागर
भीलवाड़ा। मूलचन्द पेसवानी
सरकारी दफ्तरों में भ्रष्टाचार पर लगाम कसने के लिए भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) लगातार सक्रिय है। शनिवार को एसीबी की भीलवाड़ा प्रथम इकाई ने एक और बड़ी कार्रवाई करते हुए करेड़ा तहसील के पटवार हल्का चिलेश्वर में कार्यरत पटवारी लोकेश जोशी को 1000 रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई से राजस्व विभाग में हड़कंप मच गया और सरकारी महकमों में रिश्वतखोरी पर फिर सवाल खड़े हो गए।
जानकारी के अनुसार, परिवादी के पिता के निधन के बाद कृषि भूमि का फौतगी नामांतरण खोलने की प्रक्रिया चल रही थी। आरोप है कि इस कार्य को पूरा करने के बदले आरोपी पटवारी लोकेश जोशी ने रिश्वत की मांग की। शुरुआत में उसने 10 हजार रुपए मांगे, लेकिन बाद में सौदा 8 हजार रुपए में तय हुआ। परिवादी ने बताया कि आरोपी पटवारी पहले ही 5 हजार रुपए ले चुका था और बाकी राशि के लिए लगातार दबाव बना रहा था।

रिश्वत की मांग से परेशान होकर परिवादी ने भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत मिलने के बाद एसीबी ने पूरे मामले का सत्यापन किया। जांच में शिकायत सही पाए जाने पर टीम ने योजनाबद्ध तरीके से ट्रैप कार्रवाई की तैयारी की।
एसीबी मुख्यालय जयपुर के निर्देश और एसीबी अजमेर रेंज के उप महानिरीक्षक नारायण टोगस के सुपरवीजन में कार्रवाई को अंतिम रूप दिया गया। भीलवाड़ा के उप अधीक्षक पारसमल के नेतृत्व में टीम ने जाल बिछाया और आरोपी पर नजर रखी।
शनिवार को आरोपी पटवारी ने परिवादी से 1000 रुपए रिश्वत ली और शेष राशि बाद में लेने की बात कही। जैसे ही रिश्वत की रकम उसके हाथों में पहुंची, पहले से तैनात एसीबी टीम ने तुरंत दबिश देकर उसे रंगे हाथों पकड़ लिया। तलाशी के दौरान रिश्वत की रकम आरोपी की लोअर की जेब से बरामद हुई।
एसीबी अधिकारियों ने आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया है। फिलहाल आरोपी से पूछताछ जारी है ।
उल्लेखनीय है कि यह कार्रवाई केवल एक गिरफ्तारी नहीं, बल्कि आमजन के लिए एक बड़ा संदेश है कि यदि कोई सरकारी कर्मचारी काम के बदले रिश्वत मांगता है, तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई संभव है। एसीबी ने नागरिकों से अपील की है कि भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाएं और किसी भी प्रकार की रिश्वत मांगने की सूचना तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1064 या व्हाट्सएप नंबर 9413502834 पर दें।
