भीलवाड़ा, 1 अप्रैल 2026
जैन श्वेतांबर सोशल ग्रुप मेवाड़ का स्थापना दिवस इस वर्ष अत्यंत प्रेरणादायी एवं सेवा भाव से परिपूर्ण वातावरण में मनाया गया। कार्यक्रम में समाज के वरिष्ठजन, युवा वर्ग एवं महिला सदस्यों की उत्साहपूर्ण भागीदारी रही। स्थापना दिवस के अवसर पर केवल उत्सव ही नहीं, बल्कि समाज के प्रति जिम्मेदारी निभाने का एक मजबूत संकल्प भी लिया गया, जिसने सभी उपस्थित जनों को भावुक और प्रेरित कर दिया।
ग्रुप के अध्यक्ष धर्मेश कोठारी ने बताया कि कार्यक्रम की शुरुआत नवकार मंत्र एवं भगवान महावीर के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन के साथ हुई। इसके पश्चात ग्रुप के सचिव संदीप चंडालिया ने संगठन की स्थापना से लेकर अब तक की यात्रा पर प्रकाश डालते हुए बताया कि यह ग्रुप निरंतर सामाजिक, धार्मिक एवं मानवीय कार्यों में अग्रणी भूमिका निभा रहा है।
चेयरमैन कुलदीप चंडालिया ने ग्रुप द्वारा अब तक किए गए कार्यों की जानकारी दी तथा आगामी कार्ययोजना पर विस्तृत चर्चा की। उन्होंने बताया कि आने वाले दिनों में रक्तदान शिविर, पर्यावरण संरक्षण हेतु वृक्षारोपण, जीव दया के अंतर्गत पशु-पक्षियों के लिए जल व आहार की व्यवस्था तथा जरूरतमंद विद्यार्थियों को शिक्षण सामग्री उपलब्ध कराने जैसे सेवा कार्य किए जाएंगे।
मनीष बम्ब ने बताया की उपस्थित सभी सदस्यों ने यह भी निर्णय लिया कि प्रत्येक सदस्य वर्ष में कम से कम एक सेवा कार्य व्यक्तिगत रूप से करेगा और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करेगा। “एक सदस्य – एक सेवा” का यह संकल्प पूरे कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रहा।
संजय बोरदिया ने कहा कि आज के दौर में केवल उत्सव मनाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी समझते हुए ठोस कदम उठाना आवश्यक है। ग्रुप का यह निर्णय निश्चित रूप से समाज में सकारात्मक परिवर्तन की दिशा में एक मजबूत पहल साबित होगा।
अंत में सभी सदस्यों ने एकजुट होकर समाज सेवा, अहिंसा, करुणा एवं सहयोग की भावना को अपने जीवन में उतारने का संकल्प लिया। स्थापना दिवस का यह आयोजन केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि नई सोच, नई ऊर्जा और समाज के प्रति समर्पण का प्रतीक बनकर उभरा, जिसने सभी को सेवा के मार्ग पर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।
इस दौरान राजकुमार बंब, जितेंद्र गोलेछा, अरुण बाफना, शीतल चंडालिया, रुचिका सोनी, आशीष कांठेड, हेमंत तातैड, राजेश नाहर, गरिमा रांका, अभिषेक जैन, संदीप रांका, अर्पित बोहरा, किशोर नानेचा, चिराग सिंघवी आदि उपस्थित थे।
