राजस्थान में सोमवार को कोटा में कलेक्ट्रेट, कोचिंग सेंटर और जयपुर में राजस्थान हाईकोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी मिली। धमकी के ईमेल के बाद पुलिस, सेना और सुरक्षा एजेंसियां एक्टिव हो गईं। तीनों परिसर की सर्च की गई।
कोटा में कलेक्टर की ऑफिशियल आईडी पर आए ईमेल में लिखा था- ‘कोटा कलेक्ट्रेट और जवाहर नगर इलाके में स्थित शिखर कोचिंग को RDX बम से उड़ाया जाएगा।’
ईमेल के बाद परिसर खाली करवाया गया। पुलिस, डॉग स्क्वॉड, बम निरोधक दस्ता के साथ सेना के जवान भी जांच में जुट गए। तीनों जगह सर्च के दौरान कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली
कोटा कलेक्टर पीयूष समारिया ने बताया- सोमवार सुबह करीब 7:20 बजे धमकी भरा ईमेल आया था। इसमें किसी शख्स ने केरल से होने का दावा करते हुए जिम्मेदारी ली।
इससे पहले, 5 दिसंबर को भी जयपुर में हाईकोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी मिली थी। 4 दिसंबर को अजमेर में दरगाह और कलेक्ट्रेट को बम से उड़ाने की धमकी दी गई थी।

हाईकोर्ट में फिर शुरू हुई आवाजाही
जयपुर में सर्च ऑपरेशन समाप्त होने के बाद हाईकोर्ट में फिर से आवाजाही शुरू हो गई है। पुलिस टीम को किसी भी प्रकार की संदिग्ध वस्तु नहीं मिली है, जिसके बाद कोर्ट को फिर से चालू कर दिया गया है।
डॉग और बम स्क्वॉड जांच में जुटे
जयपुर में हाईकोर्ट परिसर में डॉग स्क्वॉड और बम स्क्वॉड बिल्डिंग के हर हिस्से की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने में समय लग सकता है, जिसके बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।
डीसीपी बोले- हर बार अलग तरीके का ईमेल आता है
ईमेल के आईपी एड्रेस को लेकर जयपुर के डीसीपी साउथ राजर्षि राज ने बताया- बदमाश VPN का इस्तेमाल करते हैं। VPN के कई प्रकार होते हैं। हमारे पास जो टेक्नोलॉजी और मैन पावर है, उसका इस्तेमाल करके आरोपियों को जल्दी ही ट्रेस करने का प्रयास कर रहे हैं। आशा है कि जल्दी ही कुछ कामयाबी मिलेगी।
हाईकोर्ट धमकी वाला ईमेल पिछले मेल से काफी अलग था। हर बार अलग तरीके का ईमेल आता है। आरोपी किसी समस्या का जिक्र करते हुए धमकी देते हैं, जिसमें कुछ लोकल होती हैं, कुछ स्टेट की होती हैं। धमकी के ईमेल का कोई कॉमन पैटर्न नहीं है। इस मामले में प्रशासन की जांच जारी है।
कोटा में कोचिंग को भी मिली धमकी
कोटा में दो स्थानों को बम से उड़ाने की धमकी मिली थी। कलेक्टर की आईडी पर आए ईमेल में लिखा था कि कोटा कलेक्ट्रेट और जवाहर नगर इलाके में स्थित शिखर कोचिंग को RDX बम से उड़ाया जाएगा। सूचना मिलते ही पुलिस, डॉग स्क्वॉड और बम निरोधक दस्ता मौके पर पहुंचे और पूरी कोचिंग को खाली करवाकर गहन तलाशी अभियान चलाया गया।
ईमेल की जांच कर रही इंटेलिजेंस टीम
कोटा में कलेक्टर ऑफिस की जांच पूरी होने के बाद उसे सामान्य रूप से शुरू कर दिया गया है। वहीं आगे के परिसर में अभी भी डॉग स्क्वॉड और बम निरोधक दस्ता तलाशी अभियान चला रहे हैं।
कलेक्टर के पीए पवन ने सबसे पहले ईमेल पर बम से उड़ाने की धमकी की सूचना देखी। इसके बाद उन्होंने एडीएम प्रशासन को इसकी जानकारी दी। एडीएम प्रशासन ने तुरंत पुलिस इंटेलिजेंस को सूचित किया। अब पुलिस इंटेलिजेंस की टीम ईमेल की जांच कर रही है।
कोटा में केरल के शख्स ने दी धमकी
कोटा कलेक्टर पीयूष समारिया ने बताया- सोमवार सुबह करीब 7:20 बजे कलेक्ट्रेट को उड़ाने का धमकी भरा ईमेल आया था। ईमेल में किसी व्यक्ति ने केरल से होने का दावा करते हुए इसकी जिम्मेदारी ली है। इस धमकी के बाद तत्काल कार्रवाई करते हुए कलेक्ट्रेट परिसर को खाली करा लिया गया है। विभिन्न टीमें परिसर में तलाशी अभियान चला रही हैं।

जयपुर में हाईकोर्ट में गहन जांच
जयपुर में राजस्थान हाईकोर्ट को फिर से बम से उड़ाने की धमकी की सूचना मिलते ही पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया गया। सभी टीमें अपने स्तर पर अलग-अलग पहलुओं को ध्यान में रखते हुए गहन जांच कर रही हैं।
कोटा कलेक्ट्रेट में आमजन का प्रवेश बंद
कोटा में नयापुरा कलेक्ट्री ऑफिस के गेट के अंदर आमजन और वाहनों को आने नहीं दिया जा रहा है।पुलिस के जवान गेट पर तैनात हैं। जिला कलेक्टर पीयूष समारिया के ऑफिस के आसपास के कमरों को डॉग स्क्वॉड और बम निरोधक दस्ता गहनता से चेक कर रहा है। सुरक्षा कारणों से पुलिस ने बूंदी कैंपस को भी खाली करवाया जा रहा है।

साइबर टीम पता कर रही ईमेल का आईपी एड्रेस
कलेक्टर ऑफिस के अंदर पुलिस प्रशासन सक्रिय है। धमकी भरे ईमेल की जांच साइबर टीम कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि यह ईमेल किस आईपी एड्रेस से भेजा गया था।
सेना के जवानों ने भी मोर्चा संभाला
कलेक्ट्रेट ऑफिस में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए सेना के अधिकारी और जवान भी मौके पर पहुंचे। जवानों ने मोर्चा संभालते हुए कलेक्ट्रेट ऑफिस में काम करने वाले सभी कर्मचारियों और अधिकारियों को कमरों से बाहर निकाला।
बिल्डिंग के हर हिस्से की जांच जारी
डॉग स्क्वॉड और एंटी बम स्क्वॉड बिल्डिंग के हर हिस्से की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने में दो-तीन घंटे का समय लग सकता है, जिसके बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।
