शाहपुरा ब्लॉक की शारीरिक शिक्षक वाकपीठ का समापन, सेवानिवृत्त शिक्षकों का सम्मान; नई कार्यकारिणी में कैलाश खटीक फिर अध्यक्ष
शाहपुरा। मूलचन्द पेसवानी
खेल केवल शरीर को स्वस्थ रखने का माध्यम नहीं, बल्कि अनुशासन, नेतृत्व, टीम भावना और संघर्ष की सीख देने वाली जीवनशाला भी है। इसी भावना को केंद्र में रखते हुए शाहपुरा ब्लॉक के प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक विद्यालयों के शारीरिक शिक्षकों की सत्र 2026-27 की वाकपीठ/संगोष्ठी का समापन राठौड़ फार्म हाउस में हुआ। समापन समारोह में शारीरिक शिक्षा के क्षेत्र में लंबे समय तक सेवाएं देने वाले सेवानिवृत्त शारीरिक शिक्षकों का सम्मान कर उनके योगदान को याद किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी सत्यनारायण कुमावत मौजूद रहे। समारोह की अध्यक्षता क्रीड़ा भारती के प्रांत सह सचिव महावीर आर्य ने की। विशिष्ट अतिथियों के रूप में क्रीड़ा भारती के जिला अध्यक्ष मायाकांत शर्मा, अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के जिला अध्यक्ष संजीव शर्मा, जिला मंत्री अमर सिंह चौहान, शारीरिक शिक्षक जिला प्रतिनिधि विश्वजीत सिंह, वाकपीठ अध्यक्ष कैलाश खटीक, विभागीय प्रतिनिधि हेमराज खटीक सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।
सेवानिवृत्त शिक्षकों का सम्मान, सेवाओं को किया नमन
समारोह के दौरान सेवानिवृत्त शारीरिक शिक्षकों का सम्मान किया गया। वक्ताओं ने कहा कि विद्यालयों में शारीरिक शिक्षा का दायरा केवल खेलकूद तक सीमित नहीं है। शारीरिक शिक्षक विद्यार्थियों में अनुशासन, नियमितता, आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और स्वस्थ जीवनशैली विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने कहा कि बदलती जीवनशैली और बढ़ते डिजिटल प्रभाव के दौर में बच्चों को खेल मैदान से जोड़ना पहले से कहीं अधिक जरूरी हो गया है। विद्यालयों में खेल गतिविधियों को बढ़ावा देकर विद्यार्थियों के शारीरिक एवं मानसिक विकास को मजबूत किया जा सकता है।
सर्वसम्मति से कैलाश खटीक अध्यक्ष, राजेंद्र काबरा को सचिव की जिम्मेदारी
वाकपीठ के दौरान आगामी कार्यकाल के लिए नई कार्यकारिणी का गठन किया गया। उपस्थित शारीरिक शिक्षकों ने कैलाश चंद्र खटीक को सर्वसम्मति से निर्विरोध अध्यक्ष चुना। वहीं राजेंद्र काबरा को सचिव तथा पुष्कर राज तेली को कोषाध्यक्ष मनोनीत किया गया। कार्यकारिणी सदस्यों के रूप में विजय गुर्जर, विवेक जोशी, संजय आचार्य, अशोक खटीक, सुनील कुमार खटीक, राकेश जोशी, भगवती लाल शर्मा, तेज सिंह चौहान, बृजराज कुमार शर्मा एवं दिनेश कुमार टेलर को जिम्मेदारी दी गई।
नवनियुक्त कार्यकारिणी के गठन के बाद पदाधिकारियों ने संगठन को मजबूत करने, शारीरिक शिक्षा एवं खेल गतिविधियों को विद्यालय स्तर पर अधिक प्रभावी बनाने तथा विद्यार्थियों को नियमित रूप से खेलों से जोड़ने का संकल्प लिया।
भामाशाह शंकर सिंह राठौड़ का किया स्वागत
कार्यक्रम के दौरान नवनियुक्त कार्यकारिणी की ओर से भामाशाह एवं शारीरिक शिक्षक शंकर सिंह राठौड़ का स्वागत किया गया। उपस्थित शिक्षकों ने शिक्षा एवं खेल गतिविधियों के लिए सहयोग करने वाले भामाशाहों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया।
समारोह में अतिथियों ने कहा कि सरकारी प्रयासों के साथ समाज और भामाशाहों का सहयोग मिलने पर विद्यालयों में खेल सुविधाओं का विस्तार किया जा सकता है। इससे ग्रामीण क्षेत्र की प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का बेहतर अवसर मिलेगा।
संगठन की एकजुटता से मजबूत होगी शारीरिक शिक्षा
कार्यक्रम में वक्ताओं ने शारीरिक शिक्षकों से आह्वान किया कि वे विद्यार्थियों में खेल के प्रति रुचि पैदा करने के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर छिपी खेल प्रतिभाओं को पहचानकर उन्हें आगे बढ़ाने का प्रयास करें। उन्होंने कहा कि ग्रामीण अंचल में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है, जरूरत उन्हें सही मंच और मार्गदर्शन देने की है।
कार्यक्रम का संचालन मायाकांत आचार्य ने किया। आयोजन विद्यालय के संस्था प्रधान कुलदीप सुवालका ने सभी शारीरिक शिक्षक बंधुओं एवं अतिथियों का आभार व्यक्त किया। शारीरिक शिक्षक देवेंद्र सिंह सहित विद्यालय स्टाफ एवं शिक्षक मौजूद रहे। समापन समारोह ने एक संदेश स्पष्ट रूप से दिया कि स्वस्थ विद्यार्थी ही मजबूत समाज की नींव रखता है और इस नींव को मजबूत करने में शारीरिक शिक्षक की भूमिका किसी भी कक्षा के शिक्षक से कम नहीं है।
