नेहरू विहार कॉलोनी में पानी और सफाई की किल्लत, आमजन परेशान

भीलवाड़ा। शहर के वार्ड 54 स्थित नेहरू विहार कॉलोनी के निवासी इन दिनों मूलभूत सुविधाओं के अभाव से जूझ रहे हैं। वर्ष 2013 में आबंटित इस कॉलोनी में आज तक न तो नियमित पानी की व्यवस्था हो सकी है और न ही सफाई व्यवस्था ठीक ढंग से शुरू हो पाई है। नगर निगम की अनदेखी के कारण क्षेत्रवासी नारकीय जीवन जीने को मजबूर हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि निगम प्रशासन से बार-बार शिकायत करने के बावजूद कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है। कॉलोनी में न तो सफाईकर्मी नियमित आते हैं और न ही कचरा उठाने की कोई स्थायी व्यवस्था है। इस वजह से पूरा क्षेत्र डंपिंग यार्ड में तब्दील होता जा रहा है। जगह-जगह कचरे के ढेर लगे हैं, जिनसे बदबू और संक्रमण फैलने का खतरा बना हुआ है। बच्चों और बुजुर्गों के स्वास्थ्य पर इसका सीधा असर पड़ रहा है।
[metaslider id=”6401″]
निवासियों ने बताया कि यहां पीने के पानी की भी बेहद खराब स्थिति है। कई बार पाइपलाइन से गंदा पानी आने की शिकायत की गई, लेकिन निगम अधिकारियों ने अब तक कोई समाधान नहीं निकाला। लोगों को मजबूरन दूषित पानी पीना पड़ रहा है जिससे बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। क्षेत्र में नालियों की सफाई न होने से बरसात के दिनों में जलभराव की स्थिति और भी गंभीर हो जाती है।
रहवासियों का कहना है कि कॉलोनी में विकास के नाम पर केवल कागजी कार्यवाही हुई है। 2013 में आबंटन के समय उम्मीद थी कि जल्द ही यहां मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, लेकिन आज तक पानी, सफाई, सड़क और रोशनी जैसी जरूरतें अधूरी हैं। निगम के कई जनप्रतिनिधियों को इस समस्या से अवगत कराया गया, फिर भी अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं मिला है।
[metaslider id=”6448″]
लोगों का आरोप है कि निगम प्रशासन सिर्फ शहर के मुख्य इलाकों में सफाई पर ध्यान देता है, जबकि नेहरू विहार जैसे बाहरी क्षेत्रों की पूरी तरह अनदेखी की जा रही है। कॉलोनी के लोग अब सामूहिक रूप से आंदोलन करने पर विचार कर रहे हैं ताकि उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना जाए।

स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से शीघ्र कार्रवाई की मांग करते हुए कहा है कि यदि जल्द सफाईकर्मी और पानी की नियमित आपूर्ति की व्यवस्था नहीं की गई तो वे नगर निगम के खिलाफ प्रदर्शन करेंगे। लोगों का कहना है कि अब धैर्य की सीमा टूट चुकी है, और अगर तुरंत कदम नहीं उठाया गया तो कॉलोनी में स्वास्थ्य संबंधी संकट खड़ा हो सकता है।
नेहरू विहार कॉलोनी की इस दुर्दशा ने नगर निगम की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना यह होगा कि प्रशासन कब जागता है और आम जनता को इस गंदगी और परेशानी से राहत दिलाने के लिए क्या ठोस कदम उठाता
है।



