MLV कॉलेज में प्राचार्य का घेराव, सड़क जाम कर वाहनों के आगे लेटे कार्यकर्ता; बिल्डिंग पर चढ़कर भी जताया विरोध
*पुनित चपलोत*
भीलवाड़ा // छात्रसंघ चुनाव बहाल करने की मांग को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने शुक्रवार को माणिक्य लाल वर्मा राजकीय महाविद्यालय में जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं का आक्रोश उस समय चरम पर पहुंच गया, जब ABVP कार्यकर्ता दिनेश गुर्जर ने कॉलेज परिसर में गड्ढा खोदकर उसमें बैठकर ‘जीवित समाधि’ के जरिए विरोध जताया। इससे कॉलेज परिसर में हड़कंप मच गया।

कार्यकर्ताओं ने छात्रसंघ चुनाव बहाल करने की मांग को लेकर कॉलेज प्राचार्य का घेराव किया और कॉलेज प्रशासन तथा सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। जमीन में बैठकर विरोध कर रहे दिनेश गुर्जर की तबीयत बिगड़ने पर कार्यकर्ताओं में और आक्रोश फैल गया। बाद में उन्हें उपचार के लिए महात्मा गांधी चिकित्सालय ले जाया गया, जहां उनका उपचार जारी है।
*मुख्य सड़क पर जाम, वाहनों के आगे लेटे कार्यकर्ता*
प्रदर्शन के दौरान ABVP कार्यकर्ताओं ने कॉलेज के बाहर मुख्य सड़क पर जाम लगा दिया। कई कार्यकर्ता सड़क पर वाहनों के आगे लेट गए, जिससे यातायात प्रभावित हुआ। स्थिति को देखते हुए मौके पर काफी देर तक गहमागहमी बनी रही। इसके बाद कुछ कार्यकर्ता कॉलेज की बिल्डिंग पर भी चढ़ गए और विरोध जताया।
*‘चुनाव नहीं तो चुनाव शुल्क वापस करे सरकार’*
प्रदर्शन के बाद कार्यकर्ताओं ने प्राचार्य को ज्ञापन सौंपकर छात्रसंघ चुनाव जल्द बहाल करने की मांग की। ABVP ने चेतावनी दी कि यदि सरकार चुनाव बहाल नहीं करती है तो जिन वर्षों में छात्रसंघ चुनाव नहीं हुए, उन वर्षों में छात्रों से चुनाव के नाम पर ली गई फीस वापस की जाए।

ABVP कार्यकर्ता दिनेश गुर्जर ने कहा कि छात्रसंघ चुनाव छात्रों के अधिकारों और उनकी समस्याओं की आवाज उठाने का माध्यम हैं। उन्होंने सरकार से जल्द चुनाव बहाल करने की मांग करते हुए कहा कि चुनाव बहाल नहीं किए गए तो प्रदेशभर में आंदोलन तेज किया जाएगा।
गुर्जर ने आरोप लगाया कि जिन वर्षों में चुनाव नहीं हुए, उन वर्षों में भी छात्रों से चुनाव के नाम पर फीस ली गई। उन्होंने कहा कि यदि चुनाव नहीं करवाए जाते हैं तो छात्रों की फीस वापस की जानी चाहिए। उन्होंने सरकार को आंदोलन तेज करने की चेतावनी भी दी।
ABVP कार्यकर्ता ने कहा कि संगठन ने ‘जीवित समाधि’ के जरिए सरकार तक अपना विरोध पहुंचाने का प्रयास किया है। प्रदर्शनकारियों ने छात्रसंघ चुनाव को छात्रों का अधिकार बताते हुए जल्द निर्णय नहीं होने पर प्रदेशव्यापी आंदोलन की चेतावनी दी।
